अच्छी शायरी हिंदी में
तेरी याद आती है तो मुस्कुरा देते हैं,
दर्द कितना भी हो, छुपा लेते हैं।
चाहत बन गए हो तुम,
की आदत बन गए हो तुम,
हर सांस में यू आते जाते हो,
जैसे मेरी इबादत बन गए हो तुम।
तू मिले या ना मिले, ये किस्मत की बात है,
तुझे चाहना मगर मेरे दिल के हाथ है।
रोज वो ख्वाब में आते हैं गले मिलने को,
मैं जो सोता हूँ तो जाग उठती है किस्मत मेरी।
जब तक हम ये जान पाते हैं,
कि जिन्दगी क्या है,
तब तक ये आधी,
खतम हो चुकी होती है।
कहानी अच्छी हो या बुरी किरदार,
तुम्हारा सब का दिल जीत लेना चाहिए।
हर रोज एक घड़ी गुम हो कर बैठ जाता हूँ,
कुछ अपनों के बारे मैं तो,
कुछ अधूरे सपनों के बारे मैं सोचता हूँ।
तेरा तो गुस्सा भी इतना अच्छा लगता है,
कि मन करता है दिन भर तुम्हें ही तंग करती रहूँ।
उन्होंने पूछा तोहफे में क्या चाहिए आपको,
हमने कहा वो मुलाकात जो कभी,
खत्म ना हो।
जिसे चाहा वो मिला नहीं,
और जो मिला उसे चाह नहीं पाए।
दिल की आवाज़ को इजहार कहते हैं,
झुकी निगाह को इकरार कहते हैं,
सिर्फ पाने का नाम इश्क नहीं,
कुछ खोने को भी प्यार कहते हैं।
जिंदगी में मोहब्बत उनसे ना मिले,
जिनसे आप सच्चा प्यार करते हो तो,
मोहब्बत आप उनको जरूर देना,
जो आप से सच्चा प्यार करते हो।
एक तेरा नाम ही काफी है सुकून के लिए,
वरना दिल को चैन कहाँ मिलता है।
प्यार की अंधेरी सूरत हो तुम,
जिंदगी की सबसे बड़ी जरूरी हो तुम,
खूबसूरत तो गुलाब के फूल भी होते हैं,
फूलों से भी खूबसूरत हो तुम।
पुराने तरीकों से नए दरवाजे नहीं खुलेंगे,
नया सोचना ही जिंदगी के नए रास्ते बनाएगा।
तेरी यादों में कुछ ऐसा असर है,
नींद आती नहीं और रात गुजरती नहीं।
जो दिल दुखा है तो यह आज़म भी मिला है हमें,
तमाम उम्र हम किसी का न दिल दुखाएंगे हम।
जिसे लोग इश्क़, इबादत, ज़िंदगी और सुकून कहते हैं,
इन सबको हम एक लफ़्ज़ में सिर्फ़ तुम कहते हैं।
दूरियाँ चाहे कितनी भी हों दरमियाँ,
दिल से चाहो तो कोई दूर नहीं होता।
तेरा होना ही मेरे लिए खास है,
बाकी सब तो बस एक एहसास है।
मेरे बस में हो तो लहरों को इतना हक़ भी न दूँ,
लिखूँ किनारों पे नाम तेरा और उसे छूने तक न दूँ।
तुझे तकलीफ अगर है मेरी सूरत से जाना,
ये शहर छोड़ देता हूँ तेरी ख़ुशी के लिए।
तुमसे मिले तो लगा जिंदगी खूबसूरत है,
वरना जीने की वजह तो बहुत थीं, खुशी नहीं।
हम हैं कमबख्त उजड़े हुए बेचारे लोग,
मांगिए जो हमसे तो, फकत पनाह मांगिए।
दिल की बात कहने का हुनर नहीं आता,
बस तुझे देखकर मुस्कुराना आता है।
मुझसे नहीं कटतीं अब ये तन्हा उदास रातें,
कल सूरज से कहूँगा मुझे अपने साथ ले कर डूबे।
धीरे धीरे ही सही हम जानेमन मर तो रहे हैं,
तुम्हारी याद के सहारे दिन गुज़र तो रहे हैं।
जो दिल के करीब होते हैं,
अक्सर वही सबसे ज्यादा दूर होते हैं।
दिल आज तकलीफ़ में हैं,
और तकलीफ़ देने वाला दिल में।
तुम मुझे जितनी इज़्ज़त दे सकते थे दे दी,
अब तुम देखो मेरा सबर और मेरी ख़ामोशी।
हमसे पूछो मोहब्बत की कीमत,
हमने मुस्कुराकर भी दर्द सहा है।
काश तू पूछे मुझसे मेरा हाल-ए-दिल,
मैं तुझे भी रुला दू तेरे सितम सुना सुना कर।
इश्क़ ख़ुदकुशी का धंधा है,
अपनी ही लाश अपना ही कन्धा है।
वक्त बदल गया, लोग बदल गए,
मगर तेरी यादें आज भी वहीं ठहरी हैं।